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गर्भावस्था (Pregnancy) के दौरान क्या खाएं?

गर्भावस्था (Pregnancy) में खाने को लेकर कई तरह की बातें और सलाह हमारे पास होते हैं. जाहिर है उनमें से कुछ नुकसानदेह भी हो सकते हैं. ऐसे में एक सही राय बनाना बहुत जरुरी है. इसलिए हम आपको बताने जा रहे हैं कुछ ऐसी बातें जिन्हें जानने के बाद आपको अपनी राय बनाने में मदद मिलेगी. प्रेग्नेंसी (Pregnancy) को लेकर क्या कहता है सर्वे? जैसा कि आम तौर पर होता है ऐसे मामलों में लोगों में जागरूकता कम ही होती…

INIDAN TV REALITY SHOWS में नए विचारों की कमी के 5 प्रमुख कारण

INIDAN TV REALITY SHOWS इस समय काफी चर्चा में रहते हैं. जाहीर है इसका प्रमुख कारण इन शोज की पॉपुलैरिटी है. बात चाहे डांसिंग शोज की हो या बिग बॉस या फिर कौन बनेगा करोड़पति की. इनके लागातार आ रहे सीजन इनकी सफलता की कहानी कहते हैं. लेकिन इस चकाचौंध के पीछे का एक और सच भी है. ये सच है, भारतीय टीवी रिएलीटी शो में नए विचारों की कमी. इस कमी के 5 प्रमुख कारण हैं - INIDAN TV…

NRC की पूरी कहानी, जानें- क्या है ये मसला

"कैसे जाएं खुसरो घर आपने, जब गैर हो गया देस" NRC को समझने से पहले ये जानना जरूरी है कि घर ही वो जगह है जिसका एक ख़्याल भी इंसान को दुनिया भर की तमाम आफ़तों से जूझने का हौसला देता है। एक इंसान और उसके परिवार की बुनियादी जरूरत के साथ साथ उनका सबसे अजीज़ सपना। सरकारें चाहें लाख बार कहे कि असम के लोग बेघर नहीं हुए हैं और ना ही उन्हें देश निकाला हुआ है मगर आज…

मनी माइंडेड होना सही है या गलत?

‘ना बीवी ना बच्चा, ना बाप बड़ा ना भैया. द होल थिंग इस दैट कि भैया सबसे बड़ा रुपैया.’ ब्लफमास्टर फ़िल्म का ये प्रसिद्ध गाना आज के समय की हकीक़त बयां करता है. सभी पैसे के पीछे भाग रहे हैं यानी सभी मनी माइंडेड होते जा रहे हैं. और हों भी क्यों ना, सभी चीजों के लिए पैसा ही तो लगता है. लेकिन जो मुख्य सवाल सबके सम्मुख खड़ा है, वो ये है कि ये कितना सही है? इसका जवाब…

इस हाई-फाइबर, हाई-प्रोटीन सलाद से अपना वजन घटाएं

सलाद अधिकतर लोगों को अरूचिकर और बेस्वाद लगता है. इतना अरूचिकर कि स्वास्थ्यप्रद होने के बावजूद भी सलाद हमारे दैनिक आहार का हिस्सा नहीं है. सलाद वजन घटाने वाली डाइट का भी एक महत्वपूर्ण अंग है. लेकिन अगर इसे अगर सही तरीके से बनाया ना जाए तो इसे खाना बोरिंग लगने लगता है और हम इसे नियमितता से नहीं खा पाते. अगर आपको लगता है कि सलाद का मतलब केवल हरी-पत्तियां और अच्छी सजावट होता है तो आपको अपनी सोच…

फ़िल्म जिसने कमाई में ‘अवेंजर्स इंड गेम’ को भी पछाड़ दिया

‘अवेंजर्स इंड गेम’ एक ऐसी फ़िल्म रही है जिसे दर्शकों का भरपूर प्यार मिला है. और प्यार कुछ इस तरह का मिला है कि जिसके चलते इस फ़िल्म ने कमाई के कई रिकार्ड तोड़े हैं. लेकिन हाल ही में रिलीज़ हुई एक फ़िल्म ने अपने डोमेस्टिक बॉक्स ऑफिस में ‘अवेंजर्स इंड गेम’ का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है. जिस फ़िल्म की यहाँ बात हो रही है वो है ‘जॉन विक: चैप्टर 3 – पैराबेलम’, जिसने अपने ओपनिंग वीकेंड में $57…

बढ़ती आधुनिकता के साथ बढ़ती सेक्स एजुकेशन की ज़रूरत

21वीं सदी अपने साथ मानवता के लिए अनेक उपहार लेकर आया है. मानव आज जितना आधुनिक और सुविधासंपन्न है उतना पहले कभी नहीं था. सुविधासंपन्न होने का असर ये हुआ है कि अब लोग चीजें खुद से करने की जगह किसी टेक्नोलॉजी के ज़रिए उस काम को पूरा करना चाहते हैं. अब अधिकतर लोगों में खुद कुछ सीखने की आदत ख़त्म होती जा रही है. किताबें पढ़ने की आदत तो और भी कम हो चुकी है. नतीजा यह है कि…

अवसाद की कैद में घुटता समाज

अवसाद या डिप्रेशन, एक ऐसी बीमारी है जिससे आजकल लगभग सभी लोग ग्रसित हैं. लोगों की जीवनशैली में जिस तरह का परिवर्तन हुआ है, उसकी वजह से अवसाद के मामले बहुत ज्यादा बढ़ गए हैं. बदलता सामाजिक ढांचा, काम का प्रेशर, रिश्तों में खटास आदि अनेक कारण हैं जिनकी वजह से आदमी डिप्रेशन का शिकार हो रहा है. समय के साथ-साथ समाज जितना आधुनिक हुआ है, लोग खुद को उतना ही ज्यादा अकेला महसूस करने लगे हैं. लोग दिखावे के…

भारतीय शिक्षा पद्धति में है किस बदलाव की ज़रूरत?

भारतीय शिक्षा पद्धति यानी इंडियन एजुकेशन सिस्टम आज जिस दौर से गुजर रही है उसे देख कर तो यही लगता है कि बहुत से बाहरी प्रभावों के कारण वह पंगु हो चली है. वह भारतीय कम और इंडियन ज्यादा हो गई है. भारतीयता की कमी नज़र आती है हमारे एजुकेशन सिस्टम में. जब जनमानस का झुकाव ही पाश्चात्य सभ्यता की ओर ज्यादा हो तो ऐसा होना तो लाजमी है. लेकिन अब इस अन्य परिस्थितियों की तरह इसमें भी बदलाव की…

मार्वल (Marvel) की ये 10 आगामी फिल्में नए रेकॉर्ड्स बनाने के साथ ही करेंगी आपका भरपूर मनोरंजन

मार्वल (Marvel) की ये 10 आगामी फिल्में नए रेकॉर्ड्स बनाने के साथ ही करेंगी आपका भरपूर मनोरंजन

डीसी कॉमिक्स मार्वल (Marvel) की सबसे बड़ी प्रतिद्वंदी है. लेकिन यदि साल 2019 की बात करें तो देखते हैं कि मार्वल को कोई भी रोकने वाला नहीं है. इस संबंध में हम पाते हैं कि एमसीयू (मार्वल्स सिनेमैटिक यूनिवर्स) ने इकलौता अपने दम पर लगातार 10 सालों तक हमारे दिलों पर एकछत्र राज किया है, वो भी 0 फेलियर के ट्रैक रेकॉर्ड के साथ. मार्वल के फिल्मों के वितरक फॉक्स और सोनी ने भी अपने गुणवत्ता से बीते सालों में कोई…